Rekha Gupta Attack Case: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर हुए हमले के मामले में अब नया कानूनी मोड़ सामने आया है। इस हाई-प्रोफाइल केस के मुख्य आरोपी राजेश भाई खीमजी और सह-आरोपी तहसीन रजा उर्फ बापू ने निचली अदालत द्वारा आरोप तय किए जाने के फैसले को दिल्ली हाई कोर्ट में चुनौती दी है। आरोपियों ने अपने खिलाफ लगाई गई गंभीर धाराओं को हटाने की मांग की है।
अगस्त 2025 में हुआ था हमला
यह घटना 20 अगस्त 2025 की है, जब रेखा गुप्ता अपने सिविल लाइंस स्थित कैंप ऑफिस में जनसुनवाई कर रही थीं। इसी दौरान शिकायतकर्ता बनकर पहुंचे आरोपी ने अचानक उन पर हमला कर दिया था। मौके पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत आरोपी को काबू कर लिया था। घटना के बाद दिल्ली पुलिस ने हत्या की कोशिश समेत कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया था।
हाई कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को भेजा नोटिस
आरोपियों की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिल्ली हाई कोर्ट ने दिल्ली पुलिस को नोटिस जारी कर जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है। अदालत ने दोनों पक्षों को 15 अप्रैल तक अपनी लिखित दलीलें दाखिल करने को कहा है। अब इस मामले की अगली सुनवाई 15 अप्रैल को होगी।
हत्या की कोशिश की धाराओं पर विवाद
दिल्ली पुलिस ने आरोपियों पर आपराधिक साजिश और हत्या की कोशिश जैसी गंभीर धाराएं लगाई हैं। हालांकि, आरोपियों का कहना है कि घटना को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया गया है और यह केवल हमला था, हत्या की कोशिश नहीं।
बचाव पक्ष ने दी यह दलील
आरोपियों की ओर से पेश एडवोकेट हैरी छिब्बर ने अदालत में कहा कि घटना दुर्भाग्यपूर्ण जरूर थी, लेकिन उपलब्ध तथ्यों के आधार पर इसे हत्या की कोशिश नहीं कहा जा सकता। उनका कहना है कि चोट लगने की संभावना थी, लेकिन हत्या की मंशा साबित नहीं होती।
आवारा कुत्तों के मुद्दे पर मिलने पहुंचा था आरोपी
बचाव पक्ष के अनुसार, मुख्य आरोपी राजेश भाई खीमजी गुजरात के राजकोट का रहने वाला है और वह आवारा कुत्तों से जुड़े मुद्दे पर मुख्यमंत्री से मिलने दिल्ली आया था। उसका कहना था कि वह इस विषय पर मानवीय दृष्टिकोण अपनाने और कुत्तों को शेल्टर होम में रखने की मांग करना चाहता था।
15 अप्रैल की सुनवाई पर टिकी नजरें
अब इस मामले की अगली सुनवाई 15 अप्रैल को होगी, जहां दिल्ली हाई कोर्ट यह तय करेगा कि आरोपियों पर हत्या की कोशिश जैसी गंभीर धाराएं बरकरार रहेंगी या नहीं। इस सुनवाई पर पूरे मामले की आगे की दिशा निर्भर करेगी।







