US Iran Talks in Qatar: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ने दावा किया है कि मंगलवार को कतर की राजधानी दोहा में अमेरिका और ईरान के बीच अहम वार्ता होने जा रही है। ट्रंप के मुताबिक, इस बैठक का अनुरोध खुद ईरान ने किया था और दोनों देश 17 जून को हुए समझौता ज्ञापन (MoU) को आगे बढ़ाने पर चर्चा करेंगे। हालांकि, ईरान ने ट्रंप के इस दावे को पूरी तरह खारिज कर दिया है।
व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा कि अमेरिका का उद्देश्य ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना है। उन्होंने कहा कि अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल कतर के लिए रवाना हो चुका है और अब सभी की नजरें वार्ता के नतीजों पर टिकी हैं।
U.S. President Donald J. Trump confirmed the meeting between U.S. Special Envoy to the Middle East Steve Witkoff, Envoy Jared Kushner, and Qatar officials tomorrow in Doha, Qatar, saying that Iranian denuclearization is set to be the topic at hand. pic.twitter.com/DofJ1SqmKM
— OSINTdefender (@sentdefender) June 29, 2026
अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, राष्ट्रपति के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ दोहा के लिए रवाना हो चुके हैं। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं किया गया कि ट्रंप के दामाद जेरेड कुशनर भी इस दौरे में शामिल हैं या नहीं।
ईरान ने किया ट्रंप के दावे का खंडन
दूसरी ओर, ईरान के विदेश मंत्रालय ने साफ कहा है कि अमेरिका के साथ किसी भी स्तर पर कोई राजनीतिक वार्ता तय नहीं है। मंत्रालय के मुताबिक, ईरान केवल एक विशेषज्ञ प्रतिनिधिमंडल दोहा भेज रहा है, जो MoU को आगे बढ़ाने और कतर में फंसी ईरानी संपत्तियों को जारी कराने जैसे तकनीकी मुद्दों पर काम करेगा। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि इसे राजनीतिक बातचीत नहीं माना जाना चाहिए।
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ट्रंप बोले- वार्ता अहम भी हो सकती है, नहीं भी
ट्रंप ने कहा कि दोहा में होने वाली बातचीत “अहम भी हो सकती है और नहीं भी।” उन्होंने कहा, “हमारा प्रतिनिधिमंडल कतर जा रहा है। देखते हैं कि बातचीत कैसी रहती है।” उन्होंने यह भी दोहराया कि अमेरिका सैन्य और रणनीतिक रूप से मजबूत स्थिति में है तथा उसका मुख्य लक्ष्य ईरान के परमाणु कार्यक्रम को समाप्त करना है।
ईंधन की कीमतें घटाने की भी अपील
इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पेट्रोल पंप संचालकों और ईंधन विक्रेताओं से तत्काल पेट्रोल-डीजल की कीमतें कम करने की अपील की। उन्होंने कहा कि जब कच्चे तेल की कीमत घटकर 68 डॉलर प्रति बैरल पर आ गई है और इसमें आगे भी गिरावट का रुख है, तब भी खुदरा ईंधन की कीमतें अनावश्यक रूप से ऊंची बनी हुई हैं।
Gasoline Retailers must get their Prices down, IMMEDIATELY! They’re too high considering that Oil is now at $68 a Barrel, and heading south. The Retailers must quickly react to this statement, and do what they know is right — DROP YOUR PRICE FOR OUR GREAT AMERICAN PEOPLE! There… pic.twitter.com/3WyTOsYLGi
— Commentary Donald J. Trump Truth Social Posts On X (@TrumpTruthOnX) June 29, 2026
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि मौजूदा तेल कीमतों के बावजूद उपभोक्ताओं से अधिक कीमत वसूलना ‘प्राइस गाउजिंग’ (Price Gouging) है, जो अमेरिकी कानून के तहत अवैध है। उन्होंने कहा कि पेट्रोल की कीमत करीब 2.50 डॉलर प्रति गैलन तक लाई जानी चाहिए। साथ ही, उन्होंने कैलिफोर्निया सरकार से पेट्रोल पर लगाए गए भारी टैक्स कम करने की भी मांग की। ट्रम्प ने चेतावनी दी कि यदि ईंधन विक्रेताओं ने जल्द कीमतें नहीं घटाईं, तो उन्हें “बड़ी परेशानियों” का सामना करना पड़ सकता है।
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