Ahmedabad Rath Yatra: गुजरात के अहमदाबाद में भगवान जगन्नाथ की विश्व प्रसिद्ध 148वीं रथयात्रा शुक्रवार को पारंपरिक धार्मिक रीति-रिवाजों और भव्य आयोजन के साथ शुरू हो गई। सुबह तड़के जामालपुर स्थित ऐतिहासिक जगन्नाथ मंदिर में मंगला आरती का आयोजन हुआ, जिसमें केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह अपने परिवार के साथ शामिल हुए और भगवान जगन्नाथ, बड़े भाई बलराम तथा बहन सुभद्रा की पूजा-अर्चना कर देशवासियों के सुख, समृद्धि और शांति की कामना की।
इसके बाद सुबह करीब 7 बजे भगवान जगन्नाथ, बलराम और सुभद्रा की सुसज्जित रथों पर नगर भ्रमण यात्रा शुरू हुई। रथयात्रा से पहले गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और राज्य के गृह राज्यमंत्री हर्ष संघवी ने परंपरा के अनुसार सोने की झाड़ू (पाहिंद विधि) से रथ के आगे सड़क साफ कर भगवान के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त की। इस दौरान हजारों श्रद्धालुओं ने ‘जय जगन्नाथ’ के जयकारों के बीच भगवान के दर्शन किए और रथयात्रा में हिस्सा लिया।
VIDEO | Union Home Minister Amit Shah participated in the Mangala Aarti of Shri Jagannath Ji Temple in Ahmedabad on the occasion of Jagannath Rath Yatra.#JagannathRathYatra #Ahmedabad
(Source: Third Party)
(Full video available on PTI Videos – https://t.co/n147TvrpG7) pic.twitter.com/Eiih77r9HT
— Press Trust of India (@PTI_News) July 16, 2026
रथयात्रा के मद्देनजर पूरे अहमदाबाद शहर में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। संवेदनशील इलाकों में पुलिस, RAF, SRP और अन्य सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। ड्रोन और CCTV कैमरों के जरिए पूरे रूट की निगरानी की जा रही है। प्रशासन ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए चिकित्सा, पेयजल और आपातकालीन सेवाओं की भी विशेष व्यवस्था की है।
#WATCH | Ahmedabad | Gujarat Chief Minister Bhupendra Patel offered prayers at the 149th annual Lord Jagannath Rath Yatra, which will begin shortly pic.twitter.com/NlWHkvhDtk
— ANI (@ANI) July 16, 2026
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पुरी में भी आज निकलेगी विश्व प्रसिद्ध रथयात्रा
उधर, ओडिशा के पुरी में भी भगवान जगन्नाथ की विश्व प्रसिद्ध रथयात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में भारी उत्साह है। सुबह भगवान जगन्नाथ, बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा को उनके-अपने भव्य रथों पर विराजमान कराया जाएगा। इसके बाद पुरी के गजपति महाराजा दिव्यसिंह देव पारंपरिक ‘छेरा पहंरा’ अनुष्ठान के तहत सोने की झाड़ू से रथों के आगे सफाई करेंगे।
#WATCH | Puri, Odisha | Nandighosha, Darpadalana, and Taladhwaja – the three chariots of Lord Jagannath, Balabhadra and Subhadra have been placed at Singhadwara of Puri Jagannath temple ahead of the annual Rath Yatra, which will begin today. pic.twitter.com/4tfv4nuOQo
— ANI (@ANI) July 16, 2026
शाम करीब 4 बजे लाखों श्रद्धालु भगवान के तीनों रथों को खींचते हुए करीब 3 किलोमीटर दूर स्थित गुंडिचा मंदिर तक ले जाएंगे। मौसम विभाग की बारिश की संभावना के बावजूद देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं का उत्साह कम नहीं हुआ है और सुबह से ही पुरी की सड़कों पर भारी भीड़ उमड़ रही है।
रथयात्रा का धार्मिक महत्व
हिंदू मान्यता के अनुसार भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा आस्था, सेवा और समर्पण का सबसे बड़ा उत्सव मानी जाती है। इस दौरान भगवान जगन्नाथ अपने भाई बलराम और बहन सुभद्रा के साथ गुंडिचा मंदिर की यात्रा पर निकलते हैं। ऐसी मान्यता है कि रथयात्रा में भगवान के रथ को खींचने और उनके दर्शन करने से भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं तथा उन्हें विशेष पुण्य की प्राप्ति होती है। अहमदाबाद और पुरी दोनों स्थानों की रथयात्रा देश की सबसे प्रमुख धार्मिक परंपराओं में शामिल हैं और हर वर्ष लाखों श्रद्धालु इसमें शामिल होते हैं।
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