Modi Putin Car Diplomacy: दिल्ली में शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की मुलाकात हुई। मुलाकात के बाद दोनों नेताओं की एक तस्वीर ने लोगों का खासा ध्यान खींचा। दरअसल, द्विपक्षीय बैठक के बाद पीएम मोदी और पुतिन एक ही कार में सवार होकर इनोप्रोम प्रदर्शनी पहुंचे। यह कार पुतिन की बख्तरबंद ‘ऑरस सीनेट लिमोजिन’ है।
12 दिनों में दूसरी बार साथ कार में दिखे मोदी-पुतिन
इससे पहले दोनों नेता 12 दिन पहले, 31 अगस्त को किर्गिस्तान के बिश्केक में भी एक साथ कार में सफर करते नजर आए थे। प्रधानमंत्री मोदी के प्रधानमंत्री बनने के बाद किसी विदेशी नेता के साथ कार में बैठने का यह पहला मौका नहीं है।
Delhi: Prime Minister Narendra Modi and Russian President Vladimir Putin shared a car as they headed to the exhibition at Bharat Mandapam pic.twitter.com/BuJ7DPQ37G
— IANS (@ians_india) September 11, 2026
2014 के बाद पीएम मोदी बराक ओबामा, इमैनुएल मैक्रों समेत 11 विश्व नेताओं के साथ कार में सफर कर चुके हैं। वहीं, मोदी और पुतिन इससे पहले भी तीन बार एक साथ कार में बैठ चुके हैं।
1 सितंबर 2025 | तियानजिन, चीन
SCO समिट के बाद पीएम मोदी और रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने एक साथ कार से होटल तक सफर किया। करीब 10 मिनट के सफर के दौरान दोनों के बीच बातचीत हुई। होटल पहुंचने के बाद भी दोनों करीब 45 मिनट तक चर्चा करते रहे।

4 दिसंबर 2025 | नई दिल्ली,
भारत पुतिन के भारत दौरे के दौरान पीएम मोदी खुद उन्हें रिसीव करने पालम एयरपोर्ट पहुंचे। इसके बाद दोनों एक ही कार में सवार होकर 7, लोक कल्याण मार्ग के लिए रवाना हुए।

31 अगस्त 2026 | बिश्केक, किर्गिस्तान
SCO बैठक के दौरान द्विपक्षीय मुलाकात के बाद मोदी और पुतिन ने फिर साथ कार में सफर किया। दोनों एक ही कार से वर्ल्ड नोमैड गेम्स के उद्घाटन समारोह में पहुंचे।

पुतिन की कार की स्पीड ट्रंप की ‘द बीस्ट’ से दोगुनी
रूसी राष्ट्रपति पुतिन की भारत यात्रा के दौरान उनकी लिमोजिन कार ‘ऑरस सीनेट’ भी चर्चा में है। करीब 7 टन वजनी यह कार सुरक्षा के लिहाज से बेहद खास है। इसके एक दरवाजे का वजन करीब 900 किलो बताया जाता है, जिसे हाथ से नहीं बल्कि हाइड्रोलिक सिस्टम से खोला जाता है।
ऑरस सीनेट की टॉप स्पीड 250 किलोमीटर प्रति घंटा है। यह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की आधिकारिक कार ‘द बीस्ट’ की बताई गई करीब 112 किलोमीटर प्रति घंटे की टॉप स्पीड से लगभग दोगुनी से भी ज्यादा है। यह कार बुलेट और ब्लास्ट प्रूफ सुरक्षा से लैस है।
क्या होती है ‘कार डिप्लोमेसी’?
कार डिप्लोमेसी का मतलब है जब दो देशों के शीर्ष नेता कूटनीतिक औपचारिकताओं और प्रोटोकॉल से आगे बढ़कर एक ही कार में साथ सफर करते हैं।
इसे महज सामान्य कार राइड नहीं माना जाता। ऐसे मौके अक्सर दोनों नेताओं के बीच व्यक्तिगत सहजता, दोस्ती और भरोसे का संदेश देते हैं। अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में इस तरह की तस्वीरों को दोनों देशों के रिश्तों की गर्मजोशी के प्रतीक के तौर पर भी देखा जाता है।
ये भी पढ़ेंः






