Meerut Snake Murder Case: उत्तर प्रदेश के मेरठ में पति की हत्या कर उसे सांप से डसवाने के मामले में जिला अदालत ने रविता और उसके प्रेमी अमरदीप को फांसी की सजा सुनाई है। वारदात के 547 दिन बाद शुक्रवार को आए फैसले में अदालत ने दोनों को हत्या का दोषी मानते हुए मृत्युदंड दिया। सजा सुनाए जाने के बाद दोनों रो पड़े। वहीं, फैसले के बाद जेल में रविता की तबीयत बिगड़ गई और वह बेहोश हो गई।
मेरठ में पिछले तीन दिनों में चार दोषियों को मौत की सजा सुनाई गई है। इससे पहले 14 अक्टूबर को सौरभ राजपूत हत्याकांड में नीले ड्रम वाली मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल को भी फांसी की सजा सुनाई गई थी।
कोर्ट ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से सुना दोनों का पक्ष
शुक्रवार को सजा सुनाने से पहले अदालत ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए रविता और अमरदीप का पक्ष सुना। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश (ADJ-12) जयवीर सिंह नागर ने दोनों से पूछा कि हत्या का दोषी ठहराए जाने के बाद वे सजा के संबंध में क्या कहना चाहते हैं।
रविता ने कहा कि उसके तीन छोटे-छोटे बच्चे हैं और उनकी देखभाल की जाए। इसके बाद वह चुप हो गई। वहीं, अमरदीप ने कहा कि उसके माता-पिता बुजुर्ग हैं और उनकी सेवा करने वाला कोई नहीं है। उसने उनके देखभाल की व्यवस्था करने की बात कही। अपनी बात रखने के बाद दोनों रोने लगे।
जज ने कहा- सिर्फ शरीर के टुकड़े करना ही जघन्य अपराध नहीं
फैसला सुनाते हुए जज जयवीर सिंह नागर ने मामले की गंभीरता का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि केवल शरीर के टुकड़े करना ही जघन्य अपराध नहीं है। फैसले में जज ने सती-सावित्री की परंपरा का जिक्र करते हुए कहा कि पत्नी पति की लंबी उम्र के लिए करवाचौथ का व्रत रखती है, लेकिन इस मामले में रविता ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर ऐसा कृत्य किया, जो माफी के लायक नहीं है।
अदालत ने अपराध को रेयरेस्ट ऑफ रेयर यानी विरलतम श्रेणी का मामला माना और दोनों को मृत्युदंड सुनाया।
सरकारी वकील बोलीं- रविता ने सावित्री के आदर्शों का उल्लंघन किया
इस मामले में पैरवी करने वाली सरकारी वकील फरजाना मसूद ने कहा, “रविता ने अपने कृत्यों से सावित्री के आदर्शों का उल्लंघन किया है। अदालत ने आरोपियों को मौत की सजा सुनाई है। साथ ही, यह सुनिश्चित करने के लिए आदेश दिया गया है कि रविता के बच्चों की पढ़ाई और अन्य जरूरतों का सम्मानजनक तरीके से ध्यान रखा जाए।”
Meerut, Uttar Pradesh: Meerut court has sentenced Ravita, wife of Amit Kashyap, and her lover, Amardeep, to death for his murder. ADJ-12 Judge Jaiveer Singh Nagar pronounced the verdict. The prosecution alleged that Amit was strangled and a snake was placed near his body to make the murder appear to be a case of snakebite. Both accused, who had been in jail for 17 months, appeared before the court via video conferencing. Amit’s family welcomed the verdict.
Government Counsel who handled the entire case, Farzana Masood says, “…Ravita has violated the ideals of Savitri through her actions…The honourable court has sentenced the accused to death…An order has also been issued to ensure that her children’s education and other needs are taken care of with dignity…”
— IANS (@ians_india) October 16, 2026
SSP ने पुलिस टीम के लिए 25 हजार रुपए के इनाम की घोषणा की
मेरठ के SSP बी.बी.जी.टी.एस. मूर्ति ने कहा, “16 अप्रैल 2025 को बाइसुम थाना क्षेत्र में रविता ने अपने प्रेमी अमरदीप के साथ मिलकर अपने पति अमित की हत्या कर दी थी। इसके बाद घटना को हादसा दिखाने के लिए मृतक को जहरीले सांप से डसवाया गया। इस मामले में आज अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने दोनों आरोपियों को मौत की सजा सुनाई है।
उन्होंने कहा कि तेजी से जांच पूरी कर अदालत में मजबूत पक्ष रखने वाली पुलिस टीम को 25 हजार रुपए का इनाम दिया जाएगा। अदालत में प्रभावी ढंग से पैरवी करने वाली अभियोजन टीम को भी सम्मानित किया जाएगा।”
#WATCH | Meerut, Uttar Pradesh: SSP B.B.G.T.S. Murthy said, “As you are all aware, on April 16, 2025, at Baisuma police station, Ravita, along with her lover Amardeep, murdered her husband, Amit. Subsequently, to make the incident appear as an accident, the victim was made to be bitten by a venomous snake. In this case, the Additional District and Sessions Judge delivered a significant verdict today, sentencing both accused individuals to death. I extend my congratulations to the entire police team, who acted with great urgency, conducted a swift investigation, and presented a strong case in court, and I am announcing a reward of Rs 25,000 for them. Furthermore, the prosecution team, which presented a highly effective case before the court, will also be duly honored.” (16.10)
— ANI (@ANI) October 17, 2026
क्या है पूरा मामला?
यह घटना 12 अप्रैल 2025 की है। आरोप है कि रविता और उसके प्रेमी अमरदीप ने मिलकर अमित कश्यप की गला दबाकर हत्या कर दी थी। हत्या को दुर्घटना या प्राकृतिक मौत दिखाने के लिए आरोपियों ने अमित के बिस्तर पर सांप छोड़ दिया और परिजनों व पुलिस को उसकी मौत सांप के काटने से होने की बात बताई। घटना के बाद 16 अप्रैल 2025 को पुलिस ने इस मामले में FIR दर्ज की गई। इसके बाद पुलिस ने जांच की, जिसमें हत्या की साजिश का खुलासा हुआ।
131 पन्नों के फैसले में मनुस्मृति और आत्रेय संहिता का जिक्र
अदालत ने 131 पन्नों के फैसले की शुरुआत मनुस्मृति और आत्रेय संहिता के श्लोकों के अर्थ से की। इनमें दंड, न्याय, निष्पक्षता और राष्ट्र की रक्षा के महत्व का उल्लेख किया गया।
मनुस्मृति के राजधर्म अध्याय के श्लोक के जरिए दंड के महत्व को समझाया गया। वहीं, आत्रेय संहिता के श्लोक का उल्लेख करते हुए दुष्टों को दंड देने, सज्जनों का सम्मान करने और न्याय मांगने वालों के साथ निष्पक्ष व्यवहार करने जैसे सिद्धांतों पर जोर दिया गया।
फैसले में दामिनी-अतुल और इल्मा-तालिब मामलों का भी जिक्र किया गया। अदालत ने टिप्पणी की कि केवल शरीर के टुकड़े करना ही जघन्य अपराध नहीं है, बल्कि रविता और अमरदीप ने आत्माओं के टुकड़े किए हैं।
कोर्ट में पेशी से लेकर सजा सुनाए जाने तक की पूरी प्रक्रिया
मेरठ के वरिष्ठ जेल अधीक्षक डॉ. वीरेश राज शर्मा ने बताया, “अदालत ने रविता और अमरदीप को सुबह करीब 11 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश करने का निर्देश दिया था। दोनों को सुबह अदालत के सामने पेश किया गया और उनसे पूछताछ की गई। सुनवाई के बाद अदालत ने फैसला लंच के बाद सुनाने की बात कही। दोपहर 3:15 से 3:30 बजे के बीच फैसला सुनाया गया और दोनों को मौत की सजा दी गई।”
Meerut, Uttar Pradesh: Ravita and Amardeep broke down in tears after a court sentenced them to death in the high-profile Amit Kashyap murder case. Upon hearing the verdict, the two looked at each other while crying before being escorted to their barracks under tight security. The case involves the murder of Amit Kashyap, who was allegedly killed by strangulation, after which a snake was used in an attempt to make his death appear to have been caused by a snakebite.
Senior Jail Superintendent Viresh Raj Sharma says, “Yesterday, the court directed that Ravita and Amardeep be produced before it through video conferencing at around 11 AM. They were presented virtually this morning, and the court questioned them. Following the proceedings, it was announced that the judgment would be pronounced after lunch. The verdict was delivered between 3:15 PM and 3:30 PM, and both were sentenced to death…”
— IANS (@ians_india) October 16, 2026
सजा सुनाए जाने के बाद जेल में बेहोश हुई रविता
मृत्युदंड की सजा सुनाए जाने के बाद शुक्रवार शाम रविता की तबीयत बिगड़ गई। वरिष्ठ जेल अधीक्षक डॉ. वीरेश राज शर्मा के मुताबिक, रविता सुबह से भूखी थी और लगातार रो रही थी। उसे बुखार आया और वह बेहोश हो गई। जेल प्रशासन ने उसे दवाएं दिलाईं और निगरानी में रखा।
जेल अधीक्षक के मुताबिक, फिलहाल रविता और अमरदीप को उनकी पुरानी बैरक में रखा गया है। अदालत के फैसले की कॉपी मिलने के बाद दोनों को सजायाफ्ता कैदियों की बैरक में शिफ्ट किया जाएगा। शनिवार से दोनों की काउंसलिंग शुरू कराने की बात भी कही गई है।
एडीजे-12 जयवीर सिंह नागर ने सुनाई सजा
रविता और अमरदीप को मृत्युदंड सुनाने वाले जज जयवीर सिंह नागर मेरठ में एडीजे-12 के पद पर तैनात हैं। वह मूल रूप से नोएडा के दुजाना गांव के निवासी हैं। उन्होंने 2006 में चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय से संबद्ध एमएच कॉलेज, गाजियाबाद से एलएलबी की पढ़ाई की थी।
इसके बाद उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की। वर्ष 2010 से 2015 तक मध्य प्रदेश के खरगोन और रीवा जिलों में पब्लिक प्रॉसिक्यूटर रहे। वर्ष 2015 से 2020 तक उत्तर प्रदेश के रामपुर और बदायूं में पब्लिक प्रॉसिक्यूटर के रूप में काम किया। वर्ष 2020 से 2025 तक गाजियाबाद और उन्नाव में एडीजे रहे। अप्रैल 2026 में उन्होंने मेरठ में एडीजे-12 का पद संभाला।
नीले ड्रम वाली मुस्कान और साहिल को भी फांसी
मेरठ में सौरभ राजपूत हत्याकांड में भी 14 अक्टूबर को अदालत ने मुस्कान और उसके प्रेमी साहिल को फांसी की सजा सुनाई थी। इस मामले में सौरभ की हत्या के बाद शव को नीले ड्रम में छिपाने का मामला सामने आया था। इस तरह मेरठ में तीन दिनों के भीतर दो चर्चित हत्या के मामलों में चार दोषियों को मृत्युदंड सुनाया गया। इनमें रविता-अमरदीप और मुस्कान-साहिल शामिल हैं।
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