Refinery Fires in Five Different Countries: हाल के महीनों में दुनिया के अलग-अलग देशों में रिफाइनरियों में आग, विस्फोट और तकनीकी खराबी की घटनाएं लगातार सामने आई हैं। 28 फरवरी, 2026 से जब अमेरिका और इज़राइल ने ईरान के खिलाफ हवाई हमले किए थे, जिससे पश्चिम एशिया में एक बड़ा संघर्ष शुरू हो गया था। भारत सहित छह देशों में तेल रिफाइनरियों में आग लगने की घटनाएं एक समान हैं। भारत के दो रिफाइनरियों में भी हादसे हुए हैं, जिनकी जांच अब NIA कर रही है।
राजस्थान रिफाइनरी में आग और उद्घाटन टलना
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार को राजस्थान के पचपदरा में एक रिफाइनरी का उद्घाटन करने वाले थे। करीब 13 साल पहले शुरू हुए इस प्रोजेक्ट का सपना अब पूरा होने जा रहा था। लेकिन उद्घाटन से ठीक एक दिन पहले भीषण आग ने रिफाइनरी के मेन प्रोसेसिंग यूनिट्स को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे इसका उद्घाटन टालना पड़ा।
हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) की इस रिफाइनरी में लगी भीषण आग के कारणों का पता लगाने के लिए जांच जारी है। हैरानी की बात यह है कि दुनिया भर में ऑयल एसेट्स, खासकर रिफाइनरियों में आग लगने की घटनाओं का एक पैटर्न नजर आ रहा है। यह सब ऐसे समय हो रहा है, जब पश्चिम एशिया में चल रहे युद्ध के बीच तेल और गैस जैसे प्राकृतिक संसाधनों को एक हथियार की तरह इस्तेमाल किया जा रहा है।
पश्चिम एशिया युद्ध और वैश्विक असर
अमेरिका और इज़राइल ने 28 फरवरी 2026 से ईरान पर हवाई हमले शुरू किए और पश्चिम एशिया में व्यापक संघर्ष की शुरुआत हुई। उसके बाद से भारत सहित छह देशों की तेल रिफाइनरियों में आग लगने की घटनाएं सामने आई हैं। ये सभी रिफाइनरियां युद्ध क्षेत्र से बाहर हैं। इन घटनाओं को लेकर अब यह चर्चा तेज हो गई है कि क्या रिफाइनरियों में लग रही आग महज संयोग है या इसके पीछे कोई पैटर्न है।
अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और अन्य देशों में घटनाएं
बीते दो महीने में अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, मेक्सिको, इक्वाडोर और रूस की रिफाइनरियों में आग के कारण व्यवधान देखा गया है। रूस का मामला अलग है, क्योंकि वहां के तेल संयंत्रों पर यूक्रेन ने हमले किए हैं। रूस और यूक्रेन फरवरी 2022 से एक दूसरे के खिलाफ युद्ध में हैं। हालांकि बाकी सभी देशों की रिफाइनरियों में आग की घटनाएं प्लांट के भीतर तकनीकी खामियों या आंतरिक समस्याओं के कारण हुई बताई गई हैं।
भारत में भी दो बड़े हादसे
भारत में भी दो ऑयल एसेट्स में आग की घटनाएं सामने आई हैं। हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) की राजस्थान रिफाइनरी के अलावा मुंबई तट के पास ऑयल एंड नेचुरल गैस कॉर्पोरेशन (ONGC) के ऑयल फील्ड में भी हादसा हुआ। ओएनजीसी की इस फैसिलिटी में 12 अप्रैल को आग लगी थी, जिसे काबू में कर लिया गया था।
जांच और प्रारंभिक निष्कर्ष
राहत की बात यह रही कि राजस्थान की पचपदरा रिफाइनरी के इंफ्रास्ट्रक्चर को कोई गंभीर नुकसान नहीं पहुंचा है। पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने बताया कि घटना के मूल कारणों की जांच करने के लिए एक हाई लेवल कमेटी का गठन किया गया है। एचपीसीएल ने कहा कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि हीट एक्सचेंजर सर्किट में वाल्व/फ्लैंज में से किसी एक के जरिए हाइड्रोकार्बन लीक होने के कारण आग लगी थी।
वैश्विक घटनाओं का समय और सवाल
इस बीच, अमेरिका-ईरान युद्ध के 45 दिनों के भीतर पांच अलग-अलग देशों की रिफाइनरियों में आग की घटनाएं सामने आईं। रिपोर्ट के मुताबिक ये घटनाएं ड्रोन या मिसाइल हमलों के कारण नहीं, बल्कि तकनीकी खामियों या छोटे लीक की वजह से हुईं, क्योंकि ये रिफाइनरियां युद्ध क्षेत्र से दूर स्थित थीं।
ऑस्ट्रेलिया में 16 अप्रैल को आग की घटना हुई। दुनिया भर में तेल रिफाइनरियों में आग क्यों लग रही है?






