Visakhapatnam Steel Plant Accident: आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम स्थित राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (RINL) के वाइजैग स्टील प्लांट में सोमवार को एक दर्दनाक हादसा हो गया। प्लांट के अंदर करीब 1600 डिग्री सेल्सियस तापमान वाला पिघला हुआ लोहा (मोल्टन आयरन) मजदूरों पर गिर गया, जिससे 8 श्रमिकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।
#WATCH | Visakhapatnam, Andhra Pradesh | The injured being brought to the hospital after a large quantity of molten steel leaked at the SMS-2 and STC-3 heat facility at the Visakhapatnam Steel Plant. Eight workers have lost their lives in the incident. pic.twitter.com/apW19FF0BU
— ANI (@ANI) June 8, 2026
कैसे हुआ हादसा?
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, प्लांट के एक यूनिट में क्रेन की सहायता से बड़े बकेट (लैडल) में भरा पिघला हुआ लोहा एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जाया जा रहा था। इसी दौरान अचानक बकेट का संतुलन बिगड़ गया और उसमें मौजूद अत्यधिक गर्म मोल्टन आयरन नीचे काम कर रहे कर्मचारियों पर जा गिरा।
1600°C तापमान वाले इस गर्म लोहे के संपर्क में आने से मजदूरों को बचने का मौका नहीं मिला और प्लांट परिसर में अफरा-तफरी मच गई। हादसे के बाद राहत एवं बचाव दल मौके पर पहुंचा और तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया।
जांच के आदेश
प्लांट प्रबंधन और स्थानीय प्रशासन ने हादसे की जांच शुरू कर दी है। अधिकारी यह पता लगाने में जुटे हैं कि दुर्घटना तकनीकी खराबी, उपकरण विफलता या सुरक्षा मानकों में किसी चूक के कारण हुई।
जांच रिपोर्ट आने के बाद ही हादसे की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी।
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मुख्यमंत्री ने जताया शोक
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने इस हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है। उन्होंने मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए अधिकारियों को घायलों के बेहतर इलाज और राहत कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
విశాఖ స్టీల్ ప్లాంట్ లో జరిగిన ప్రమాదం నన్ను తీవ్ర దిగ్భ్రాంతికి గురి చేసింది. ఈ ప్రమాదంలో పలువురు కార్మికులు దుర్మరణం పాలయ్యారని తెలిసి కలత చెందాను. సంబంధిత అధికారులతో మాట్లాడి, అన్ని ప్రభుత్వ శాఖల సమన్వయంతో సహాయక చర్యలు చేపట్టాలని ఆదేశించాను.
— N Chandrababu Naidu (@ncbn) June 8, 2026
वहीं राज्य की गृह मंत्री वंगलपुडी अनीता ने विशाखापट्टनम के कलेक्टर और पुलिस कमिश्नर से फोन पर बात कर स्थिति की जानकारी ली और राहत कार्यों की निगरानी करने को कहा।
प्रधानमंत्री ने की आर्थिक सहायता की घोषणा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी हादसे पर दुख जताया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर शोक संदेश जारी करते हुए मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की।
प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये तथा घायलों को 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की गई है।
Saddened by the mishap at the Visakhapatnam Steel Plant. Condolences to those who have lost their loved ones. Praying that the injured recover at the earliest. The local authorities are providing all possible assistance to those affected.
An ex-gratia of Rs. 2 lakh from PMNRF…
— PMO India (@PMOIndia) June 8, 2026
देश का पहला तटीय स्टील प्लांट
राष्ट्रीय इस्पात निगम लिमिटेड (RINL) के अधीन संचालित वाइजैग स्टील प्लांट भारत का पहला और एकमात्र तटीय (Coastal) स्टील प्लांट माना जाता है। इसकी स्थापना के बाद वर्ष 1992 में व्यावसायिक उत्पादन शुरू हुआ था।
करीब 33,000 एकड़ क्षेत्र में फैले इस विशाल संयंत्र की वार्षिक उत्पादन क्षमता लगभग 7.3 मिलियन टन है। यहां टीएमटी बार, वायर रॉड, स्ट्रक्चरल स्टील समेत कई महत्वपूर्ण इस्पात उत्पाद बनाए जाते हैं, जिनका उपयोग निर्माण, रेलवे, इंफ्रास्ट्रक्चर, ऑटोमोबाइल और इंजीनियरिंग क्षेत्रों में किया जाता है।
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